सीमांत के स्कूल में जग रही सरकारी शिक्षा को बदलने की अलख

मेतली (धारचूला): निजी स्कूल और उन निजी स्कूलों के संचालक नए सत्र में बच्चों के एडिमिशन के लिए कई तरह के प्रपंच रचते हैं। उनके लिए ज्यादा एडमिशन का मतलब, ज्यादा कमाई। इसके विपरीत सरकारी स्कूलों में बच्चों को प्रवेश दिलाने के लिए कोई आयोजन तो दूर, स्कूल छोड़कर जा रहे विद्यार्थी को रोकने तक का प्रयास नहीं किया जाता। कई जगहों पर तो शिक्षक को यह कहते हुए तक सुना जाता है कि सरकारी स्कूल में भविष्य नहीं बनने वाला। लेकिन, इसी समाज और सिस्टम में कुछ ऐसे नायाब हीरे भी हैं, जो अपना सबकुछ छोड़कर केवल स्कूल के लिए ही समर्पित हैं। उन्हीं में से एक शिक्षक हैं सीमांत जनपद पिथौरागढ़ के सीमांत क्षेत्र धारचूला के मुनस्यारी विकासखंड के सड़क से 10 किलोमीटर की खड़ी चढ़ाई पार करने के बाद पड़ने वाले मेतली गांव में तैनात दिनेश रावत। दिनेश रावत ने अपने स्कूल में प्रवेशोत्सव का आयोजन कर स्कूल में प्रवेश लेने वाले नए छात्रों का स्वागत किया। उन छात्रों को सम्मानित किया, जिन्होंने बेहतर अंक हासिल किए। किसी सरकार स्कूल में इस तरह का आयोजन आपने कम ही सुने और देखे होंगे। इसके अलावा दिनेश रावत कई तरह के अन्य आयोजन भी स्कूल में कराते रहते हैं।

उ. माध्यमिक विद्यालय मेतली के संयुक्त रूप से प्राथमिक विद्यालय प्रांगण में प्रवेशोत्सव का शानदार आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय में प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं का शानदार तरीके से अभिवादन करते हुए विद्यालय शिक्षा से जोड़ा गया ता,े गत शैक्षिक सत्र में शैक्षिक एवं सह-शैक्षिक गतिविधियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों का प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।
अतिदुर्गम के विद्यालय में आयोजित इस उत्सव के दौरान दोनों विद्यालय के बाल कलाकारों ने गढ़वाल-कुमाऊं, रवांई, जौनसार, हिमाचल प्रदेश और नेपाली संस्कृति कर शानदार साझाा झलकियां पेश की। विभाग की ओर से सरकारी विद्यालयों में अध्ययन कि लिए प्रोत्साहन कर दाखिला लेने वाले छात्र-छात्राओं के लिए चलायी जा रही नवाचारी गतिविधियों की कार्यक्रम के संयोजक व प्रधानाध्यापक दिनेश सिंह रावत ने विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने अपील की कि सभी लोग अपने बच्चों को सरकारी विद्यालयों में प्रवेश दिलाएं। 

इससे पहले कार्यक्रम का शुभारम्भ गांव के वयोवृद्ध भूतपूर्व सैनिक प्रेम सिंह, प्रधानाचार्य हिमांशु सिंह वर्ती, प्रधानाध्यापक दिनेश सिंह रावत, प्रबंधन समिति के अध्यक्ष रूप सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन के साथ संयुक्त रूप से किया। बच्चों ने सरस्वती वंदना और स्वागत गान के साथ सभी का अभिवादन किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानाचार्य हिमांशु वर्ती ने विद्यालय की उपलब्धियों और विशेषताओं के बारे में बताया। 

कार्यक्रम के दौरान सपनों की उड़ान में संकुल स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों जिनमें रवि सिंह, अंजली बिष्ट, कविता, रजनी, नवीन, भावना, गौरव, कृष्णा सिंह, गीता, पूजा, प्रियंका, रोशनी, कुमकुम, कैलाश, राजेन्द्र सहित वर्षभर बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को हरभजन, रोशनी, कविता, प्रकाश, हिमवंती, पूजा, ऊर्मिला, नेहा, पंकज आदि को पुरस्कृत किया गया। 


रा.उ.मा.मेतली के की ओर से अपने स्थापना वर्ष से अब तक प्रत्येक वर्ष हाई स्कूल के टापर रहे छात्रों भागीरथी, नीरज पूजा को भी समारोह मे बुलाकर सम्मानित किया गया। इस दौरान उनके परिजन भी उपस्थित रहे। विद्यालय की इस पहल की सभी लोगों ने सराहना की। प्रबंधन समिति के अध्यक्ष रूप सिंह ने कार्यक्रम में प्रतिभाग करने वाले छात्रों को शुभकामनाएं दी। 

सीमांत के स्कूल में जग रही सरकारी शिक्षा को बदलने की अलख सीमांत के स्कूल में जग रही सरकारी शिक्षा को बदलने की अलख Reviewed by पहाड़ समाचार www.pahadsamachar.com on Friday, April 19, 2019 Rating: 5

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